पीठ के बल लेट कर करने वाले आसन
ശവാസനം
നീണ്ടു നിവര്ന്നു മലര്ന്നു കിടക്കുക. കണ്ണടയ്ക്കുക.തുടകള് തമ്മില് സ്പര്ശിക്കാത്ത രീതിയില് കാലുകള് അകത്തി, അയച്ചിടുക.കൈകള് ശരീരത്തിനിരു വശവുമായി മലര്ത്തി, കൈകല് പകുതി മടങ്ങി, അയച്ചിടുക.തല നേരെയോ, അല്പം ചരിച്ചോ വയ്ക്കാം.കാല് നഖം മുതല് തല വരെ അയച്ചിട്ട് ശ്വാസഗതി മാത്രം ശ്രദ്ധിച്ചു കിടക്കുക.ശ്വാസോച്ഛ്വാസം ഉള്ളില് അനുഭവിച്ചു കൊണ്ട് 50 ശ്വാസ നിശ്വാസങ്ങള് എങ്കിലും എണ്ണിക്കൊണ്ടുകിടക്കുക.മെല്ലെ കണ് തുറക്കുക.
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शवासन
मृत शरीर जैसे निष्क्रिय होता है उसी प्रकार इस आसन में शरीर निष्क्रिय मुद्रा में होता है अत: इसे शवासन कहा जाता है. इस आसन का अभ्यास कोई भी कर सकता है. यह शरीर को रिलैक्स प्रदान करने वाला योग है.
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Pavanamuktasana
Relieves constipation & flatulence. Invigorates the reproductive system and improves its health.
How to do Pavanamuktasana?
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പവനമുക്താസനം
മലര്ന്നു കിടക്കുക. കൈകള് ശരീരത്തിനിരു വശവുമായി കമിഴ്ത്തി വയ്ക്കുക.കാലുകള് മടക്കി പൃഷ്ഠത്തോടടുപ്പിച്ചു വയ്ക്കുക.കോര്ത്തു പിടിച്ച കൈകള് കൊണ്ട് കാല്മുട്ടുകളെ വട്ടം പിടിച്ച്, മുട്ടും തുടയും നെഞ്ചിനോടടുപ്പിക്കുക.എന്നിട്ട് ശ്വാസം എടുത്ത് അല്പനേരം നിര്ത്തിയ ശെഷം ശ്വാസം വിടുന്നതോടൊപ്പം നെഞ്ചും തലയും തോളും പൊക്കികൊണ്ടൂ വന്ന് കാല് മുട്ടുകളുടെ നടുവില് മൂക്കു/താടി മുട്ടിക്കുക.സാവധാനം ശ്വാസം എടുത്ത് തലയും കാലുകളും പൂര്വസ്ഥിതിയിലേക്കു കൊണ്ടു വരിക. ശ്വാസം വിടുക.ഗുണംവയറിലും, പൃഷ്ഠത്തിലുമുള്ള പേശികളെ ബലപ്പെടുത്തും.
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पवन-मुक्त आसन
पवन मुक्तासन एक योग है और तीन शब्दों से मिलकर बना है पवन + मुक्त + आसन = पवन मुक्तासन जिसमें पवन = वायु , मुक्त = छुटकारा और आसन = मुद्रा अथार्त इस योग की क्रिया द्वारा दूषित वायु को शरीर से मुक्त किया जाता है। इसी कारण इसे पवन मुक्तासन योग कहते हैं | ह आसन पीठ के बल लेटकर किया जाता है | और अंग्रेजी मैं इसे Gas Release pose भी कहा जाता है | आयें जानते हैं इसके लाभ और इसे कैसे किया जाए |
दूषित वायु को शरीर से निष्कासित करता है।
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যোগনিদ্রাসন
যোগনিদ্রাসন : যোগশাস্ত্রে বর্ণিত একটি আসন বিশেষ। যোগনিদ্রার উপযোগী আসন হিসাবে এর নামকরণ করা হয়েছে যোগনিদ্রাসন (যোগনিদ্রা +আসন)।
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Yoganidrasana
Yoganidrasana, (Sanskrit: योगनिद्रासन) or Yogic Sleep Pose is a reclining forward-bending asana in modern yoga as exercise. It is sometimes called Dvi Pada Sirsasana, but that name describes the balancing form of the pose.
In hatha yoga, the pose, Pasini Mudra, was a mudra, a seal to prevent the escape of prana, not an asana.
योगनिद्रासन, (संस्कृत: योगनिद्रासन) या योगिक निद्रा एक झुकने आगे झुकने है आसन मॉडर्न में व्यायाम के रूप में योग। इसे कभी-कभी कहा जाता है दवि पाडा सिरसासना, लेकिन यह नाम मुद्रा के संतुलन के रूप का वर्णन करता है।
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योगनिद्रासन
योगनिद्रासन, (संस्कृत: योगनिद्रासन) या योगिक निद्रा एक झुकने आगे झुकने है आसन मॉडर्न में व्यायाम के रूप में योग। इसे कभी-कभी कहा जाता है दवि पाडा सिरसासना, लेकिन यह नाम मुद्रा के संतुलन के रूप का वर्णन करता है।
में हठ योग, मुद्रा, पसिनी मुद्रा, एक था मुद्रा, से बचने के लिए एक सील प्राण, आसन नहीं।
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एकपाद उत्तानासन
या आसनात पाठीवर झोपून केवळ पाय उचलले जातात. पोट आणि फुप्फुसांच्या स्नायूंसाठी अतिशय चांगलं आसन आहे.
उत्तान म्हणजे आकाशाकडे तोंड करून झोपलेली अवस्था आणि पाद म्हणजे पाय. या आसनात आपण पाठीवर झोपून एक पाय वरती ६० अंशावर ठेवतो. म्हणूनच या आसनाला एकपाद उत्तानपादासन असंही म्हणतात. या आसनामुळे पोटाच्या स्नायूंना चांगला व्यायाम मिळतो.
आसन
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एकपाद उत्तानासन
एकपाद उत्तानासन करने की विधि-
- सर्वप्रथम सीधे चित्त पीठ के बल लेट जाइए हाथों को बिल्कुल शरीर के बराबर रखिए अब धीरे से साँस लेते हुए दायें पैर को( घुटने से सीधा रखते हुए ) 60 डिग्री का कोण बनाते हुए उठाइए और साँस निकालते हुए वापिस लाइए ठीक इसी तरह बायें पैर से दोहराईए।
- एक बार दायें से और एक बार बायें से।
- इसी तरह 4-5 बार दोहराए
एकपाद उत्तानासन करने की लाभ-
- पेट की समस्यायों में लाभकारी।
- वायु को नियंत्रित करता है।
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